व्हाट्सऐप पर वायरल हो रही मधुमक्खी की ये कहानी बहुत ही रोचक है


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इस कहानी को पढ़ने से पहले अवश्य सूचना, यह कहानी हमें व्हाट्सऐप से मिली है। कहानी बहुत अच्छी है और हम सभी के लिए एक अच्छा संदेश भी देती है। कहानी को जस का तस पोस्ट किया गया है। इसलिए कहानी को पढ़ते वक्त व्याकरण या मात्रा को लेकर दवाइयां न दें। बस कहानी लिखने वाले का उद्देश्य समझे। 


समुद्र में एक दफा 

जब शार्क मछलियों का बहुत ज्यादा शिकार किया गया 

तो झींगा मछली भी कम हो गई 

हालांकि इन झींगा मछलियों को शार्क खाती थी 

तो होना तो यह चाहिए था 

कि अगर शार्क कम हुई है तो झींगा मछली बढ़ जानी चाहिए थी 

लेकिन उल्टा हुआ 

शार्क कम हुई तो झींगा भी कम हो गई 

जब वैज्ञानिकों ने शोध करी 

तो उन्हें पता चला 

कि शार्क के गोबर में जो काई पनपती है 

उस पर जो छोटे छोटे जीव पैदा होते हैं 

उन चीजों को खाकर झींगा मछली की आबादी बढ़ती है 

तो जैसे ही शार्क खत्म हुई वैसे ही झींगा मछली भी खत्म हो गई 

इसी तरह से एक बार

जिम कार्बेट पार्क में जब हाथियों की आबादी कम हुई 

तो अचानक एक चिड़िया की किस्म खत्म हो गई 

जब शोध करी गई 

तो पता चला कि हाथी की लीद में एक कीड़ा पैदा होता है 

जो उस लीद को खाता है

और उस कीड़े को वह चिड़िया खाती थी 

तो जैसे ही हाथी कम हुए

वैसे ही चिड़िया भी खत्म हो गई 

इसी तरीके से हो सकता है 

किसी दिन किसी पशु पक्षी या किसी कीड़े के खत्म होते ही 

इंसान भी झट से मर जाए 

आजकल प्रदूषण और फसलों पर जहरीले कीटनाशकों के छिड़काव के कारण 

मधुमक्खियां बड़ी तादाद में मर रही है

हो सकता है पृथ्वी से मधुमक्खियां खत्म हो जाए 

और क्योंकि मधुमक्खियों के कारण ही हमारी फसलों में परागण होता है 

सब्जियों फूलों अनाजों की फसल होती है 

संभव है जिस दिन मधुमक्खियां ना रहे 

उस दिन इंसान के पास खाने को कुछ भी ना रहे

और मधुमक्खियों के इस पृथ्वी से जाते ही मनुष्य भी खत्म हो जाए 

असल में मनुष्य इतना बेवकूफ और घमंडी है

वह किसी भी चीज को समझने को तैयार नहीं है

और यह घमंड ही मनुष्य के खात्मे का कारण बनेगा 

आज जो लोग पर्यावरण और जीवो को बचाने की बात करते हैं 

उन्हें कम्युनिस्ट, विदेशी एजेंट या विकास विरोधी कह कर गालियां दी जाती है 

लेकिन यह नहीं माना जाता कि यह लोग पूरी मानवता को बचाने की कोशिश कर रहे हैं 

मुनाफाखोर पूंजीवादी लोग राष्ट्रवाद और विकास का झांसा देकर हमारी ज़मीनो नदियों को बर्बाद कर रहे हैं

हमारे नेता इनकी जेब मे हैं

दुनिया को बचाने की जिम्मेदारी अपने हाथ में ले लीजिये

इसे नष्ट करने वालों को ज़ोरदार टक्कर दीजिये

अपनी नहीं तो अपने बच्चों की फिक्र कीजिए

इंसानी अस्तित्व का बने रहना आपके अपने हाथ में है


By - हिंदी डाकिया



सोर्स - व्हाट्सऐप वायरल 

Photo credit - science friday








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